पीएम आवास योजना की प्रतीक्षा सूची से पात्र लाभुकों के नाम हटाने का आरोप, डीएम से जांच की मांग

अररिया (बिहार) ◆पलासी के दिघली पंचायत के वार्ड 10 और 11 के लाभुकों ने उठाए सवाल, फारबिसगंज के मिर्जापुर में भी सूची से नाम गायब होने की शिकायत अररिया। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की प्रतीक्षा सूची से पात्र लाभुकों के नाम हटाए जाने और सूची में नाम नहीं होने की शिकायतों को लेकर मामला तूल पकड़ने लगा है। जिले के पलासी प्रखंड की दिघली पंचायत के वार्ड संख्या 10 एवं 11 के दर्जनों लाभुकों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है। वहीं, फारबिसगंज प्रखंड के मिर्जापुर वार्ड संख्या 10 के संतोष मेहता एवं अमित मेहता ने भी प्रतीक्षा सूची में नाम नहीं होने की शिकायत की है 
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और आवास सहायक की भूमिका पर उठाए सवाल
दिघली पंचायत के शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की प्रतीक्षा सूची से उनके नाम हटाए जाने के पीछे स्थानीय जनप्रतिनिधियों, आवास सहायक, वार्ड सदस्य सहित अन्य लोगों की भूमिका हो सकती है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले की वास्तविक स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
डीडीसी के नाम सौंपा आवेदन
शिकायत को लेकर दिघली पंचायत के वार्ड संख्या 10 एवं 11 के लाभुक डीआरडीए कार्यालय पहुंचे थे। वहां उन्होंने उप विकास आयुक्त (डीडीसी) के नाम आवेदन सौंपकर मामले की जांच कराने तथा पात्र परिवारों को योजना का लाभ दिलाने की मांग की। अब इस मामले में जिलाधिकारी से भी हस्तक्षेप कर निष्पक्ष जांच कराने की अपील की गई है।
मिर्जापुर के दो लोगों ने भी की शिकायत
इधर, फारबिसगंज प्रखंड के मिर्जापुर वार्ड संख्या 10 के संतोष मेहता एवं अमित मेहता ने भी प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की प्रतीक्षा सूची में अपना नाम नहीं होने की शिकायत की है। शिकायतकर्ताओं के मामले की भी जांच कर पात्रता और सूची में नाम शामिल नहीं होने के कारणों का पता लगाने की मांग की गई है।
पात्र लाभुकों को योजना का लाभ दिलाने की मांग
जिलाधिकारी को दिए जाने वाले आवेदन में दिघली पंचायत के वार्ड संख्या 10 एवं 11 तथा मिर्जापुर वार्ड संख्या 10 के मामलों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है। साथ ही, प्रतीक्षा सूची से नाम हटाए जाने के कारणों का पता लगाने, पात्रता की समीक्षा करने और जांच में पात्र पाए जाने वाले परिवारों को नियमानुसार योजना का लाभ दिलाने की अपील की गई है।शिकायत में यह भी मांग की गई है कि यदि जांच के दौरान किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है, तो संबंधित लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए। अब देखना होगा कि प्रशासन इन शिकायतों पर क्या कदम उठाता है और जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं।

रिपोर्टिंग
विकाश कुमार सिंह,अररिया,बिहार