नौ साल से वीरान पड़ी जुडैल पुलिस चौकी, कभी जवानों की तैनाती से रहता था सुरक्षा का माहौल

अररिया (बिहार) ◆पलासी। प्रखंड की सुखसेना पंचायत के जुडैल गांव में स्थापित पुलिस चौकी पिछले करीब नौ वर्षों से वीरान पड़ी है। कभी पुलिस जवानों की मौजूदगी से गुलजार रहने वाली यह चौकी आज बदहाली और उपेक्षा की कहानी बयां कर रही है। चौकी का भवन अब भी मौजूद है, लेकिन लंबे समय से पुलिस बल की तैनाती नहीं होने और रखरखाव के अभाव में भवन जर्जर होता जा रहा है। कभी इस चौकी के कारण आसपास के ग्रामीणों में सुरक्षा का भरोसा था, लेकिन अब पुलिस की स्थायी मौजूदगी नहीं रहने से चौकी अपने उद्देश्य से दूर हो गई है।स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक, इस पुलिस चौकी की स्थापना के पीछे ग्रामीणों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा है। ग्रामीणों ने चौकी निर्माण के लिए करीब 15 डिसमिल जमीन उपलब्ध कराई थी। इसके बाद तत्कालीन जिलाधिकारी उपेंद्र कुमार राय और पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने संयुक्त रूप से चौकी का उद्घाटन तथा भवन निर्माण का शिलान्यास किया था। शुरुआती दौर में जिला पुलिस लाइन से एक एएसआई और चार होमगार्ड जवानों की प्रतिनियुक्ति की गई थी।वर्ष 2007 से 2017 तक यहां लगातार पुलिस बल तैनात रहा। इस दौरान पुलिसकर्मी क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान में भी सहयोग करते थे। पुलिस और ग्रामीणों के बीच बेहतर तालमेल के कारण इलाके में सुरक्षा का माहौल बना रहता था। हालांकि, वर्ष 2017 के बाद यहां पुलिसकर्मियों की तैनाती बंद हो गई। इसके बाद से चौकी धीरे-धीरे वीरान होती चली गई।विडंबना यह है कि जिस चौकी के निर्माण के लिए ग्रामीणों ने अपनी जमीन दी और जिससे क्षेत्र में सुरक्षा की उम्मीद जगी थी, वह आज खुद उपेक्षा का शिकार है। भवन मौजूद रहने के बावजूद पुलिसकर्मियों की तैनाती नहीं होने से इसका उपयोग नहीं हो पा रहा है। स्थानीय लोगों के बीच अब एक बार फिर इस चौकी को सक्रिय करने और यहां पुलिस बल की नियमित तैनाती की मांग उठने लगी है।