जयपुर (राजस्थान) ◆ “ विचार रूपी ईंटें ही चरित्र का निर्माण करती है। चरित्र जन्मजात नहीं होता बल्कि बनाया जाता है। इंसान अपने विचारों में गढ़े हथियारों से स्वयं का विध्वंस भी कर लेता है और विचारो द्वारा निर्मित औज़ारों से आनंद और शांति का महल भी खड़ा करता है। अच्छे विचार स्वयं और समाज के लिए कल्याणकारी होते है। और बुरे विचार इंसान को पतन की ओर ले जाते है।” उक्त उद्गार समर्पण संस्था द्वारा नव वर्ष पर संस्था कार्यालय में आयोजित “मन का विज्ञान और जीवन प्रबंधन “ विषयक व्याख्यान में संस्थापक अध्यक्ष आर्किटेक्ट डॉ. दौलत राम माल्या ने व्यक्त किये।
डॉ. माल्या ने पीपीटी प्रजेंटेशन द्वारा मन के विज्ञान और जीवन प्रबंधन की व्याख्या करते हुए कहा कि “जीवन एक मालवाहक ट्रक की तरह है। यह हमें तय करना है कि इसमें हम कोयले भरते हैं या हीरे भरते है। समय का पल पल उपयोग करना चाहिए क्योंकि इसे कभी वापस नहीं लाया जा सकता है। हर दिन एक चमत्कार है इसलिए इसको जी भर जियें। हर पल का आनंद ले।” उन्होंने कहा कि अपना विजन क्लियर रखना चाहिए वह सिंगल पोइन्टेड होना चाहिए। मोबाइल फ़ोन का इस्तेमाल भी ज़रूरत से अधिक नहीं करना चाहिए। यदि उड़ान भरनी है तो मोबाइल को फ़्लाइट मोड़ में डालना ही पड़ेगा। सब में एक परिपूर्ण जीवन जीने की संभावनाएँ हैं। जीवन का प्रबंधन यदि ठीक है तो उत्कर्ष जीवन का निर्माण कर सकते है।
इस अवसर पर डॉ. माल्या ने वर्ष 2024 में संस्था द्वारा किये जाने वाले 12 कार्यक्रमों का तिथिवार कैलेंडर जारी किया। उन्होंने कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि वर्ष 2024 में दूसरा कार्यक्रम 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस समारोह व विचार गोष्ठी होगा। इसी तरह तीसरा कार्यक्रम 4 फ़रवरी को जयपुर मैराथन में सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया जायेगा। 03 मार्च को 14 वाँ रक्तदान शिविर व संगोष्ठी, 20 अप्रैल को शिक्षा दान पर व्याख्यान, 16 जून को योग शिविर, 07 जुलाई को शिक्षा दान महोत्सव, 21 जुलाई को वृक्षारोपण, 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस समारोह व विचार गोष्ठी, 9 सितम्बर को प्रेरणा दिवस के रूप में पूर्व मुख्य सलाहकार डॉ. उदय चन्द बारूपाल की पुण्यतिथि पर विचार गोष्ठी, 10 नवम्बर को “ समर्पण समाज गौरव 2024” अवार्ड समारोह, 22 दिसम्बर को निःशुल्क नेत्र चिकित्सा व लेन्स प्रत्यारोपण शिविर व दानदाता सम्मान समारोह का आयोजन किया जायेगा।
इस अवसर पर अतिथियों व संस्था पदाधिकारियों ने आगामी कार्यक्रमों के कैलेंडर का विमोचन किया। व्याख्यान कार्यक्रम में मुख्य अतिथि कृषि विभाग के सेवानिवृत्त संयुक्त निदेशक श्री पुखराज मेंशन ने कहा कि “अंधविश्वास मिटाये और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को विकसित करे"।
अध्यक्षता कर रहे सेवानिवृत्त आई आर ए एस श्री सी एल वर्मा ने कहा कि “ मन का विज्ञान बहुत महत्वपूर्ण विषय है इसे समझने का प्रयास करें।"
इस अवसर विशिष्ट अतिथि व्यवसायी श्री पुष्पराज शर्मा व श्री मुकेश जैन के साथ सचिव श्री कमल नयन खण्डेलवाल, वस्त्र बैंक प्रभारी श्री शेखर चन्देल , उपाध्यक्ष श्री हीरा लाल बैरवा, बनवारी लाल मेहरडा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। मंच संचालन वॉयस ऑवर आर्टिस्ट श्री नवदीप सिंह ने किया।